| नई दिल्ली क्षेत्र |
| के.लो.नि.वि. के 7 क्षेत्रों में अपर महानिदेशक की अध्यक्षता में नई दिल्ली का भोगौलिक क्षेत्र सबसे कम होने के बावजूद महत्व एवं संवेदनशीलता के रूप में यह क्षेत्र सर्वाधिक महत्वपूर्ण है , क्योंकि इस क्षेत्र में देश के सर्वाधिक प्रतिष्ठित भवनों के रख-रखाव के साथ-साथ अति-विशिष्ट व्यक्तियों के लिए निर्माण कार्य करने की जिम्मेदारी सौंपी गई है। |
| इस क्षेत्र के द्वारा न केवल अति-विशिष्ट व्यक्तियों के आवासों बल्कि सभी प्रतिष्ठित भवन कार्यालय भवनों की देख-रेख भी की जाती है। इनमें संसद भवन, नार्थ ब्लॉक, साऊथ ब्लॉक,विज्ञान भवन,भारत का उच्चतम न्यायालय,राष्ट्रीय संग्रहालय,राष्ट्रीय अभिलेखागार तथा पेड़ों के बीच की वीथी के निर्माण सहित सभी विशाल भवन शामिल हैं। |
| इसके अलावा इस क्षेत्र को राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र दिल्ली के तीन प्रमुख अस्पतालों, राम मनोहर लोहिया,सफदरजंग और श्रीमती सुचेता कृपलानी अस्पताल के रख-रखाव का कार्य भी सौंपा गया है। |
| देश के प्रसिध्द नेताओं की समाधियों पर किए जाने वाले समारोहों का आयोजन तथा रख-रखाव की जिम्मेदारी भी नई दिल्ली क्षेत्र को दी गई है। |
| सम्पूर्ण नई दिल्ली क्षेत्र में अशोधित जल की आपूर्ति करना। |
| इस क्षेत्र मे 5 प्रचालनस्त अंचल हैं। इनका ब्यौरा निम्न प्रकार है |
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नई दिल्ली अंचल-1 |
| नई दिल्ली अंचल-2 |
| नई दिल्ली अंचल-5 |
| पार्लियामेंट लाईब्रेरी परियोजना(सिविल) |
| पार्लियामेंट लाईब्रेरी परियोजना(वैद्युत।) |
| इस क्षेत्र में शामिल अनचलाओं द्वारा हाल ही में कई प्रतिष्ठित परियोजनाओं का निष्पादन किया गया जिनमें से कुछेक निम्नानुसार है :- |
| रोज़ एवेन्यू में डीडीयू उद्यान का विकास। |
| राजघाट का नवीकरण तथा अन्य सुविधाएं मुहैया कराना। |
| क्नॉट प्लेस स्थित हस्तशिल्प भवन का निर्माण |
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| जय प्रकाश नारायण उद्यान का विकास। |
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| विदेश मंत्रालय हेतु जवाहर लाल नेहरू भवन का निर्माण कार्य शीघ्र ही पूरा होने वाला है। |
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